तिथि
शुक्ल पक्ष अष्टमी
रात 3:45 बजे तक, फिर शुक्ल नवमी
कोच्चि के सूर्योदय (सुबह 6:04 बजे) के अनुसार, भारतीय मानक समय (IST) में।
नक्षत्र
पूर्वा फाल्गुनी
शाम 5:28 बजे तक, फिर उत्तरा फाल्गुनी
योग
वज्र
दोपहर 12:56 बजे तक, फिर सिद्धि
करण
- विष्टि
- शाम 4:26 बजे तक
- बव
- रात 3:45 बजे तक
- बालव
- 12 जून की दोपहर 3:11 बजे तक
वार और मास
सूर्य और चंद्र
- सूर्योदय
- सुबह 6:04 बजे
- सूर्यास्त
- शाम 6:45 बजे
- चंद्रोदय
- दोपहर 12:21 बजे
- चंद्रास्त
- रात 12:37 बजे
सूर्योदय के समय चंद्रमा का 45% हिस्सा चमक रहा है, और वह बढ़ रहा है।
मुहूर्त
- ब्रह्म मुहूर्त
- सुबह 4:33 से 5:18 बजे तक
- अभिजित मुहूर्त
- सुबह 11:59 से दोपहर 12:50 बजे तक
- राहुकाल
- सुबह 10:49 से दोपहर 12:25 बजे तक
- यमगण्ड
- दोपहर 3:35 से शाम 5:10 बजे तक
- गुलिक काल
- सुबह 7:39 से 9:14 बजे तक
परंपरा में ब्रह्म और अभिजित मुहूर्त शुभ माने जाते हैं, और नए काम की शुरुआत में राहुकाल, यमगण्ड और गुलिक काल टाले जाते हैं।
दिन का चौघड़िया
शुभसामान्यअशुभ
| समय | चौघड़िया | फल |
|---|---|---|
| सुबह 6:04 से 7:39 बजे तक | चर | सामान्य |
| सुबह 7:39 से 9:14 बजे तक | लाभ | शुभ |
| सुबह 9:14 से 10:49 बजे तक | अमृत | शुभ |
| सुबह 10:49 से दोपहर 12:25 बजे तक | काल | अशुभ |
| दोपहर 12:25 से 2:00 बजे तक | शुभ | शुभ |
| दोपहर 2:00 से 3:35 बजे तक | रोग | अशुभ |
| दोपहर 3:35 से शाम 5:10 बजे तक | उद्वेग | अशुभ |
| शाम 5:10 से 6:45 बजे तक | चर | सामान्य |
रात का चौघड़िया
| समय | चौघड़िया | फल |
|---|---|---|
| शाम 6:45 से रात 8:10 बजे तक | रोग | अशुभ |
| रात 8:10 से 9:35 बजे तक | काल | अशुभ |
| रात 9:35 से 11:00 बजे तक | लाभ | शुभ |
| रात 11:00 से 12:25 बजे तक | उद्वेग | अशुभ |
| रात 12:25 से 1:49 बजे तक | शुभ | शुभ |
| रात 1:49 से 3:14 बजे तक | अमृत | शुभ |
| रात 3:14 से सुबह 4:39 बजे तक | चर | सामान्य |
| सुबह 4:39 से 6:04 बजे तक | रोग | अशुभ |
भारत
हर शहर का सूर्योदय अलग होता है, इसलिए उसकी तिथि और समय भी अलग हो सकते हैं। ये लिंक हर शहर के लिए 11 जून 2027 का पंचांग खोलते हैं।
विदेश
रिमाइंडर
एकादशी से एक दिन पहले ईमेल
एकादशी किस दिन पड़ेगी, यह आपके शहर के सूर्योदय से तय होता है, इसलिए अलग-अलग शहरों में यह दिन अलग हो सकता है। हर ईमेल आपके शहर के हिसाब से भेजा जाता है, और उसमें तिथि के शुरू और ख़त्म होने का समय भी होता है।